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History of Bajrang Dal in Hindi, बजरंग दल का पूरा इतिहास

History of Bajrang Dal in Hindi:- बजरंग दल का नाम तो हर किसी ने सुना होगा लेकिन क्या आप लोग जानते है की आखिर बजरंग दल क्या है और बजरंग दल का अध्यक्ष कौन है? आज हम इसी बजरंग दल के बारे में जानेंगे की आखिर बजरंग दल क्या है और इसकी भारत को क्यों जरूरत है?

History of Bajrang Dal in Hindi

History of Bajrang Dal in Hindi:- हिन्दू देवता हनुमान जी पर आधारित बजरंग दल एक हिन्दुत्व संगठन है जो विश्व हिन्दू परिषद यानि के विहिप की युवा शाखा है। यह आरएसएस के 36 संगठनों के परिवार का एक सदस्य है। बजरंग दल की विचारधारा हिन्दुत्व ( हिन्दू राष्ट्रवाद ) पर आधारित है।

History of Bajrang Dal in Hindi
History of Bajrang Dal in Hindi (बजरंग दल लोगो)

बजरंग दल की शुरुआत कब हुई?

इसकी स्थापना 1 अक्टूबर 1984 को उत्तर प्रदेश में शोभायात्रा के रूप में हुई थी. इस शोभा यात्रा को राम-जानकी रथयात्रा के नाम से जाना जाता था, जिसका मकसद केवल लोगों को हिंदुत्व के बारे में बताना था. धीरे-धीरे इस यात्रा से युवा और साधु-संत जुड़ गये और ये गुट बजरंग दल में तब्दील हो गया. बाद में अपने काम और समाज में बढती इसकी लोकप्रियता से यह पुरे देश में फ़ैल गया.

बजरंग दल देश भर में लगभग 2,500 अखाड़े चलाता है. एक दावे के मुताबिक बजरंग दल में 1,300,000 सदस्य हैं. इन सदस्यों में 850,000 कार्यकर्ता हैं. बजरंग दल का नारा है, “सेवा, सुरक्षा और संस्कृति”. बजरंग दल देशभर में साम्यवाद, मुस्लिम जन सांख्यिकीय विकास और ईसाई पन्थ परिवर्तन के साथ-साथ गाय के वध को रोकने के लिए और भारत के “हिन्दू” पहचान की रक्षा करने के लिए जाना जाता है।

इसके अलावा आपात काल में सेवा करना और इनके द्वारा जीवों का विशेष ध्यान रखा जाना इस दल की विशेषता है. यह संगठन हिंसा को बढ़ावा नहीं देता हैं इनका भाव अहिंसा का होता हैं परंतु हिंसा करने वाले लोगों प्रति कठोरता पूर्वक अपनी कार्यवाँहीं करता हैं.

बजरंग दल को जितना देश की सेवा करने के लिए जाना जाता है उतना ही इनका नाम विवादों में भी शामिल रहता है. बजरंग दल पर 1992 में बाबरी मस्जिद के विध्वंस के बाद राव सरकार द्वारा बजरंग दल पर प्रतिबंध लगा दिया गया था, लेकिन एक साल बाद प्रतिबंध हटा दिया गया था. इसके अलावा 2002 में गुजरात में मुसलमानों के खिलाफ दंगों में शामिल होने पर भी इसका नाम विवादों से जुड़ा रहा. इसे भी पढ़िए:- द्रौपदी मुर्मू कौन है? BioGraphy Of Draupadi Murmu In Hindi

इसके आलावा भी संगठन का नाम काफी विवादों में जुड़ा रहा लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा में 14 फरवरी 2011 से, उत्तर प्रदेश के कानपुर शहर में वेलेंटाइन डे मनाने वाले लोगों पर निर्देशित हिंसा के दौरान रहा. इसमें कपल्स को अपने कान पकड़ने और “वेस्टर्न कल्चर” मनाने के लिए दंड के रूप में उठक बैठक करने के लिए मजबूर किया गया था.

बजरंग दल के कार्य पद्धति क्या है?

बजरंग दल हमेशा ही अपने विचारो और अपनी कार्यो से देश की दशा और दिशा को एक नयी सोच देने के लिए जाना जाता है. इसकी कार्य पध्दति को मुख्यतः तीन भागों में बांटा गया है.

  1.  संगठनात्मक
  2.  आंदोलनात्मक
  3.  रचनात्मक

बजरंग दल के संगठनात्मक कार्य कौन से है?

बजरंग दल के संगठनात्मक कार्य की बात करें तो इसमें प्रत्येक गांव/मुहल्ले के हिंदू युवाओं से संपर्क बनाकर इस संगठन का सदस्य बनाना, और संगठन के कार्यों के बारे में उनको बताना है.साथ ही वहां पर अखाड़ा यानी शारीरिक विकास केंद्र चलाना, सप्ताहिक मिलन केंद्र चलाना इत्यादि है.

बजरंग दल का सप्ताहिक मिलन केंद्र

जिस गांव मोहल्ले में Bajrang dal की समिति होती है वहां उक्त समिति के द्वारा सप्ताहिक मिलन केंद्र चलाया जाता है यह सप्ताह में 1 दिन सुविधा के अनुसार किया जाता है। सप्ताहिक मिलन में एक से डेढ़ घंटे के लिए सभी कार्यकर्ता एक साथ बैठते हैं और हिंदुत्व से संबंधित घटनाओं की जानकारी एवं स्थानीय समस्याओं पर चर्चा और उसका निवारण पर योजना बनाकर कार्य करते हैं. ऐसे ही मजेदार पोस्ट आपको यहाँ मिलेंगे.

बजरंग दल के वार्षिक उत्सव एवं कार्यक्रम क्या है?

बजरंग दल के वार्षिक उत्सव और कार्यक्रम मुख्य रूप से 5 माँने जाते है.

  1. बलोपासना दिवस (हनुमान जयंती)
  2. अखंड भारत संकल्प दिवस(14 अगस्त)
  3. अमरनाथ साहसिक यात्रा( सावन के महीने में)
  4. हुतात्मा दिवस(बलिदान दिवस)
  5. शौर्य दिवस(6 दिसंबर)

बजरंग दल क्या काम करता है?

  • बाल संस्कार केंद्र चलाना।
  • चिकित्सा सेवा चलाना।
  • दलित पिछड़ा सेवा बस्ती में ज्यादा से ज्यादा सेवा कार्य प्रदान करना।
  • रक्तदान करना वह रक्तदान शिविर लगाना।
  • अस्पताल में जाकर रोगियों की देखभाल करना
  • वृक्षारोपण करना और समाज को वृक्षारोपण के लिए जागृत करना।
  • युवाओं के स्वरोजगार हेतु तकनीकी प्रशिक्षण देना।
  • गरीब छात्र छात्राओं हेतु निशुल्क कोचिंग संचालित करना।
  • सरकारी योजनाओं के लिए सामाजिक जन जागरण में सहयोग करना।( कोरोनावायरस टीकाकरण पल्स पोलियो टीकाकरण वृक्षारोपण इत्यादि शामिल है।)
  • पुस्तकालयों का संचालन करना ।
  • हिंदू मठ मंदिर मैं व्यवस्था एवं सुरक्षा प्रदान करना।
  • धार्मिक मेले में या त्योहारों में श्रद्धालुओं की सेवा करना.

बजरंग दल की प्रार्थना क्या है?

शिवं शास्वतं रामदूतं बलिष्ठं ।
प्रदीप्ताननं वानराणामघीशं ।
गुणानां निधानं वरं वायुपुत्रं ।
मनोवेगवन्तं नमामो वयं त्वाम् ।।1il

शुभे वत्सले मातृभूमे नमस्ते ।
त्वमेवासि माता विधात्री घरित्री ।

सदाभारतं भारतं भव्यवर्ष ।
पुनश्चात्र कर्तुम समर्था भवाम ।।2il

स्वदेशं स्वधर्मम् च पातुं प्रयच्छ ।
बलं साहसं धैर्यमाचार शीलम् ।
विभो देहि चास्मत्कृते त्वं सहर्षम्।
श्रुत ब्रह्मचर्यम् कलाकौशलंच।।3il

अये वीरस्वामिन् वयं प्रेरिता:स्म:।

त्वया कर्म कर्तुम स्वदेशाय नित्यम।
सुशक्तम् दल स्यादतो हिन्दुयूनां।
वयं सेवका निर्भयास्ते भवाम।।4i।

बजरंग बली की जयil

भारत माता की जयil

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उम्मीद है की आपको History of Bajrang Dal in Hindi पोस्ट पसंद आई होगी. यदि इसके अलावा भी आपके कोई सवाल जवाब है तो आप हमे कमेंट बॉक्स में लिखकर बता सकते है. इसके अलावा हमने History of Bajrang Dal in Hindi से जुडी कुछ बाते निचे FAQ’s में भी बताई है आप उनको भी जरूर पढ़े.

बजरंग दल की शुरुआत कब हुई?

इसकी स्थापना 1 अक्टूबर 1984 को उत्तर प्रदेश में शोभायात्रा के रूप में हुई थी. इस शोभा यात्रा को राम-जानकी रथयात्रा के नाम से जाना जाता था, जिसका मकसद केवल लोगों को हिंदुत्व के बारे में बताना था

बजरंग दल का अध्यक्ष कौन है?

बजरंग दल RSS का एक हिस्सा है. इसमें जिले के अध्यक्ष के रूप में किसी एक व्यक्ति को चुना जाता है. हर जिले का एक बजरंग दल का अध्यक्ष होता है.

बजरंग दल का उद्देश्य क्या है?

दल का एक मुख्य लक्ष्य अयोध्या में रामजन्मभूमि मन्दिर, मथुरा में कृष्णजन्मभूमि मन्दिर और वाराणसी में काशी विश्वनाथ मन्दिर का निर्माण करना है,

बजरंग दल की स्थापना कब और किसने की थी?

इसकी स्थापना 1 अक्टूबर 1984 को उत्तर प्रदेश में शोभायात्रा के रूप में RSS ने की थी.

बजरंग दल के ‘आत्मरक्षा कैंप’ में क्या होता है ?

बजरंग दल के ‘आत्मरक्षा कैंप’ में मनुष्य को हर परिस्थिति से निपटने की ट्रेनिंग दी जाती है और अखाडा चलाया जाता है.

बजरंग दल में शामिल कैसे होते है?

गांव/मुहल्ले के हिंदू युवाओं से संपर्क बनाकर इस संगठन का सदस्य बनाया जाता है. आप यदि किसी सदस्य को जानते है तो उससे बात करके भी आप इसमें शामिल हो सकते है.

बजरंग दल का क्या काम है?

बजरंग दल देश के अनेक राज्यों में गरीबो, असहाय और प्रताड़ित लोगो की मदद करता है.

बजरंग दल की स्थापना किसने की

इसकी स्थापना 1 अक्टूबर 1984 को उत्तर प्रदेश में शोभायात्रा के रूप में RSS ने की थी.

बजरंग दल में कितने सदस्य हैं

एक दावे के मुताबिक बजरंग दल में 1,300,000 सदस्य हैं. इन सदस्यों में 850,000 कार्यकर्ता हैं.

बजरंग दल प्रार्थना क्या है?

बजरंग दल मीटिंग्स शुरू होने से पहले जो प्रार्थना की जाती है उसे बजरंग दल की प्रार्थना कहते है. आप इस पोस्ट में यह प्रार्थना पढ़ सकते है.

बजरंग दल की स्थापना कैसे हुई

इसकी स्थापना 1 अक्टूबर 1984 को उत्तर प्रदेश में शोभायात्रा के रूप में हुई थी. इस शोभा यात्रा को राम-जानकी रथयात्रा के नाम से जाना जाता था, जिसका मकसद केवल लोगों को हिंदुत्व के बारे में बताना था


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